मानव शरीर क्रिया विज्ञान, शरीर द्रव और परिसंचरण-2
हृदय की संरचना:
चार कक्षाएं: 2 आलिंद और 2 निलय।
कप ऐसे हैं कि रक्त एक ही दिशा में बहता है।
सेप्टम ऑक्सीजनयुक्त और ऑक्सीजनरहित रक्त को अलग करता है।
हृदय चक्र:
एक हृदय गति चक्र जिसमें सिस्टोल (संकुचन) और डायस्टोल (शिथिलन) होता है।
आलिंद संकुचित होते हैं, निलय भरते हैं।
निलय संकुचित होते हैं, रक्त पंप करते हैं।
हृदय के संचालन तंत्र के विद्युत संकेतों द्वारा नियंत्रित।
कुशल रक्त परिसंचरण:
हृदय की संरचना और चक्र रक्त प्रवाह बनाए रखते हैं।
ऑक्सीजन, पोषक तत्व पहुंचाता है और अपशिष्ट हटाता है।