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समस्या 8 : आणविक परंपरा (Molecular polarity) की अवधारणा के बारे में चर्चा करें और इसे अणु के कुल आकृति (overall geometry) से कैसे संबंधित करता है। चार्बन टेट्राक्लोराइड (CCl₄) और अमोनिया (NH₃) की परंपरा निर्धारित करें।
समाधान :
आणविक परंपरा (Molecular polarity) अणु की आकृति और परंपरावाले बंधनों (polar bonds) के उपस्थिति पर निर्भर करती है। यदि अणु में इलेक्ट्रॉन का असमान वितरण होता है, जिसके परिणामस्वरूप एक कुल डायपोल कोण (net dipole moment) प्राप्त होता है, तो अणु परंपरावाला (polar molecule) माना जाता है।
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चार्बन टेट्राक्लोराइड (CCl₄) में चार परंपरावाले C-Cl बंधन होते हैं और यह एक टेट्राहेड्रल (tetrahedral) आकृति रखता है। हालांकि, सममित व्यवस्था के कारण बंधन के डायपोल एक-दूसरे को समापवर्तित कर देते हैं, जिससे CCl₄ एक गैर-परंपरावाला (nonpolar molecule) बन जाता है।
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अमोनिया (NH₃) में परंपरावाले N-H बंधन होते हैं और यह एक त्रिकोणीय पायरामिडल (trigonal pyramidal) आकृति रखता है। नाइट्रोजन पर अनावृत इलेक्ट्रॉन जोड़ के कारण आवेश का असमान वितरण होता है, जिससे NH₃ एक परंपरावाला (polar molecule) बन जाता है।